भाजपा एवं शिवसेना
भाजपा एवं शिवसेना

नई दिल्ली/भाषा। महाराष्ट्र में सरकार बनाने को लेकर भाजपा और शिवसेना के बीच गतिरोध का जल्द समाधान निकलने की उम्मीद है। सूत्रों ने बताया कि निवर्तमान विधानसभा की अवधि नौ नवंबर को समाप्त हो रही है और इससे पहले नई सरकार का गठन हो सकता है।

भाजपा और शिवसेना, दोनों दलों के सूत्रों ने बताया कि हिंदुत्व की विचारधारा रखने वाले दोनों पुराने सहयोगी दलों के बीच गतिरोध जल्द समाप्त होने की उम्मीद है।

सूत्रों ने बताया, हमें उम्मीद है कि गतिरोध जल्द समाप्त हो जाएगा। अगर सब कुछ सही रहा, तो नौ नवंबर से पहले नयी सरकार बन सकती है। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि भाजपा की ओर से शिवसेना को क्या पेशकश की गई है ताकि उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली पार्टी को संतुष्ट किया जा सके।

भाजपा के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने इस बात पर जोर दिया कि पार्टी मुख्यमंत्री पद को लेकर कोई समझौता नहीं करेगी।गौरतलब है कि शिवसेना 50:50 फॉर्मूले पर जोर दे रही है और मुख्यमंत्री पद ढाई साल के लिए मांग रही है लेकिन भाजपा इस पर राजी नहीं है।

महाराष्ट्र में 288 सदस्यीय विधानसभा के लिए हाल में हुए चुनाव में भाजपा 105 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी है, जबकि शिवसेना 56 सीटों पर विजयी रही। शिवसेना ने पिछले कुछ दिनों में अपने सहयोगी दल के खिलाफ कड़े तेवर दिखाए हैं, जबकि भाजपा ने देखो और इंतजार करो की नीति अपनाई। शिवसेना ने राकांपा से भी सम्पर्क साधा।

हालांकि, राकांपा प्रमुख शरद पवार ने बुधवार को कहा कि उनकी पार्टी और कांग्रेस को विपक्ष में बैठने का जनादेश मिला है। वहीं, मुम्बई में भाजपा के वरिष्ठ नेता सुधीर मुनगंतीवार ने बुधवार को कहा कि भाजपा का एक प्रतिनिधिमंडल बृहस्पतिवार को राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी से मुलाकात करेगा।

मुनगंतीवार ने कहा, प्रदेश इकाई प्रमुख चंद्रकांत पाटिल के नेतृत्व में भाजपा का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा मंजूर एक संदेश के साथ कोश्यिारी से मुलाकात करेगा। उन्होंने कहा, राज्यपाल के साथ मुलाकात का ब्यौरा बाद में मीडिया से साझा किया जाएगा।