करतारपुर गुरुद्वारा
करतारपुर गुरुद्वारा

अटारी/भाषा। सिख श्रद्धालुओं के लिए प्रस्तावित करतारपुर गलियारे के मसौदा समझौते को अंतिम रूप देने के लिए भारत और पाकिस्तान के बीच बुधवार को तीसरे दौर की बातचीत होगी। अधिकारियों ने बताया कि संयुक्त सचिव स्तर की बैठक अमृतसर के अटारी में होगी।

जम्मू-कश्मीर से विशेष राज्य का दर्जा वापस लेने के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच उत्पन्न तनाव की पृष्ठभूमि में दोनों देशों के बीच यह दूसरी बैठक है।

पाकिस्तान के वाघा में जुलाई में हुई आखिरी संयुक्त सचिव स्तर की बैठक में दोनों देश इस बात पर सहमत हुए थे कि गलियारे के माध्यम से पाकिस्तान प्रतिदिन 5,000 सिख श्रद्धालुओं को देश में स्थित करतारपुर साहिब गुरुद्वारा आने की अनुमति देगा।

भारत और पाकिस्तान के तकनीकी विशेषज्ञों के बीच 30 अगस्त को हुई बैठक के बाद यह बैठक हो रही है। प्रस्तावित गलियारा पाकिस्तान के करतारपुर स्थित दरबार साहिब को गुरदासपुर जिला स्थित डेरा बाबा नानक गुरुद्वारे से जोड़ेगा और भारतीय सिख श्रद्धालुओं को वीजा-मुक्त आवागमन की सुविधा प्रदान करेगा।

इन श्रद्धालुओं को सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव द्वारा 1522 में स्थापित करतारपुर साहिब जाने के लिए मात्र एक परमिट लेना होगा।

पाकिस्तान भारतीय सीमा से गुरुद्वारा दरबार साहिब तक गलियारे का निर्माण कर रहा है जबकि डेरा बाबा नानक से सीमा तक के दूसरे हिस्से का निर्माण भारत द्वारा किया जाएगा।