प. बंगाल: 'रेमल' का वार, दो-दो हाथ करने के लिए एनडीआरएफ भी तैयार

कुल 14 टीमों को प. बंगाल के 09 जिलों के संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात किया गया है

प. बंगाल: 'रेमल' का वार, दो-दो हाथ करने के लिए एनडीआरएफ भी तैयार

Photo: @NDRFHQ X account

नई दिल्ली/कोलकाता/दक्षिण भारत। भीषण चक्रवाती तूफान 'रेमल' से 'दो-दो हाथ' करने के लिए राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) की टीमें तैयार हैं। रेमल के बांग्लादेश और पश्चिम बंगाल के तटों पर 135 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली हवाओं के साथ प्रवेश करने के एक दिन बाद, पश्चिम बंगाल के तटीय क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे और संपत्ति को व्यापक नुकसान हुआ।

चक्रवात ने पड़ोसी देश में मोंगला के दक्षिण-पश्चिम के पास सागर द्वीप और खेपुपारा के बीच निकटवर्ती तटों को नुकसान पहुंचाया। रेमल की वजह से कई झोपड़ियों की छतें उड़ गईं, पेड़ उखड़ गए और बिजली के खंभे गिर गए। इससे प. बंगाल में कोलकाता सहित विभिन्न हिस्सों में जनजीवन प्रभावित हुआ।

एनडीआरएफ की कुल 14 टीमों को प. बंगाल के 09 जिलों के संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात किया गया है। इनमें हुगली में 1, हावड़ा में 1, दक्षिण 24 परगना में 3, उत्तर 24 परगना में 2, पूर्व मेदिनीपुर में 2, पश्चिम मेदनीपुर में 2, कोलकाता में 1, मुर्शिदाबाद में 1 और नादिया में 1 टीम को तैनात किया गया। 

इसके अलावा जरूरत के मुताबिक शॉर्ट नोटिस पर आगे जाने के लिए अतिरिक्त टीमें भी निर्धारित की गई हैं।

मौसम विज्ञान विभाग से प्रारंभिक चेतावनी जारी होने के बाद से, जहां भी जरूरत हो, लोगों को सुरक्षित स्थानों/चक्रवात आश्रयों तक पहुंचाने और निवारक उपायों के बारे में इलाकों को जागरूक करने के लिए एनडीआरएफ टीमों को राज्य और जिला प्रशासन को उपलब्ध कराया गया है।

एनडीआरएफ मुख्यालय घटनाक्रम की निगरानी कर रहा है और सभी स्तरों पर समन्वय बनाए हुए है।

Google News

About The Author

Post Comment

Comment List