बंगाल में कल मतगणना; भाजपा, तृणमूल या कोई और, कौन फतह करेगा मोर्चा?

बंगाल में कल मतगणना; भाजपा, तृणमूल या कोई और, कौन फतह करेगा मोर्चा?

बंगाल में कल मतगणना; भाजपा, तृणमूल या कोई और, कौन फतह करेगा मोर्चा?

फोटो स्रोत: भाजपा एवं ममता बनर्जी का फेसबुक पेज।

कोलकाता/भाषा। निर्वाचन आयोग ने दो मई को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के मतों की गिनती के लिए विस्तृत तैयारी की है। साथ ही कोविड-19 महामारी की दूसरी लहर के चलते यह सुनिश्चित कर रहा है कि स्वास्थ्य नियमों एवं सामाजिक दूरी का कड़ाई से अनुपालन हो।

अधिकारी ने शनिवार को बताया कि 108 मतगणना केंद्रों पर सुरक्षा की तीन स्तरीय व्यवस्था की गई है जहां बने स्ट्रांग रूम में ईवीएम मशीन और वोटर वेरीफाइबल पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपैट) को कड़ी सुरक्षा में रखा गया है। उन्होंने बताया कि 23 जिलों में फैले मतगणना केंद्रों पर कम से कम 292 पर्यवेक्षकों और केंद्रीय सुरक्षा बलों की 256 कंपनियों को तैनात किया गया है।

बता दें कि पश्चिम बंगाल विधानभा की 294 सीटों के लिए 27 मार्च से 29 अप्रैल के बीच आठ चरणों में मतदान कराए गए हैं। अधिकारी के मुताबिक दक्षिण 24 परगना में सबसे अधिक 15 मतगणना केंद्र हैं जबकि कलीपमोंग, अलीपुरद्वार और झारग्राम में एक-एक मतगणना केंद्र बनाए गए हैं। मतों की गिनती रविवार सुबह आठ बजे शुरू होगी।

उन्होंने बताया कि राज्य में कोरोना वायरस के मामलों में बढ़ोतरी को देखते हुए गिनती के दौरान कोविड-19 दिशानिर्देशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए गए हैं। अधिकारी ने बताया कि मतगणना प्रक्रिया शुरू करने से पहले सभी ईवीएम और वीवीपैट को विषाणु मुक्त किया जाएगा।

उन्होंने बताया, ‘मतगणना प्रक्रिया में शामिल लोगों के लिए केंद्र के बाहर मास्क, फेस शिल्ड और सेनिटाइजर रखे होंगे। प्रत्येक केंद्र को मतगणना के दौरान कम से कम 15 बार विषाणु मुक्त किया जाएगा। हमने इसके लिए विशेष व्यवस्था की है।’

अधिकारी ने बताया कि निर्वाचन आयोग ने मतगणना के लिए मेजों को ऐसे लगाने का फैसला किया है जिससे सामाजिक दूरी का अनुपालन किया जा सके। उन्होंने बताया, ‘एक कक्ष में मतगणना के लिए सात से अधिक मेजें नहीं होंगी जबकि पहले यह संख्या 14 होती थी। अधिक संख्या में मेजें वहां लगाई जाएंगी जहां पर जगह की कमी नहीं हो।’

निर्वाचन आयोग के दिशानिर्देश के मुताबिक प्रत्याशी या उनके प्रतिनिधि कोविड-19 निगेटिव रिपोर्ट या टीके की दोनों खुराक लेने का प्रमाण पत्र दिखाकर ही मतगणना केंद्र के भीतर जा सकेंगे। अधिकारी ने कहा, ‘हमनें राजनीतिक दलों और प्रत्याशियों से प्रतिनिधियों की सूची कोविड-19 जांच रिपोर्ट या टीकाकरण प्रमाण पत्र के साथ देने को कहा है। उन्हें सुरक्षा मानकों को पूरा करने पर ही प्रवेश दिया जाएगा।’

उन्होंने बताया कि सभी जिलों के प्रशासन को आदेश जारी किया गया है कि वे मतगणना केंद्रों के बाहर भीड़ जमा होने से रोकें और इन नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करें। इस बीच, कोविड-19 के बढ़ते मामलों को देखते हुए पश्चिम बंगाल सरकार ने शुक्रवार को तत्काल प्रभाव से अगले आदेश तक राज्य के सभी शॉपिंग मॉल, सैलून, रेस्तरां,बार, खेल परिसर, जिम, स्पा और स्विमिंग पूल को बंद करने के आदेश दिए हैं।

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