'वंदे मातरम्' को लेकर संबित पात्रा ने कांग्रेस पर साधा निशाना- 'कोई पार्टी संसद से बड़ी नहीं है'
भाजपा के प्रस्ताव में कांग्रेस के फ़ैसले की निंदा की गई
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नई दिल्ली/दक्षिण भारत। भाजपा ने शनिवार को कांग्रेस पर 'वंदे मातरम्' को लेकर 'तुष्टीकरण की राजनीति' करने का आरोप लगाया और कहा कि कोई भी पार्टी या व्यक्ति संविधान या संसद द्वारा बनाए गए कानूनों से बड़ा नहीं है।
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के नेतृत्व में नवनियुक्त पदाधिकारियों की पहली बैठक में 'वंदे मातरम्' पर एक प्रस्ताव पारित किया गया। यह घटनाक्रम कांग्रेस वर्किंग कमेटी (सीडब्ल्यूसी) द्वारा पार्टी कार्यक्रमों में इस गीत के केवल शुरुआती दो पद गाने के अपने सन् 1937 के फैसले को दोहराने के कुछ ही दिनों बाद हुआ है।भाजपा के प्रस्ताव में कांग्रेस के फ़ैसले की निंदा की गई और कहा गया कि वह राजनीतिक फ़ायदे या तुष्टीकरण के लिए राष्ट्रगीत के सम्मान से कोई समझौता स्वीकार नहीं करेगी।
पार्टी ने कहा कि वह विपक्षी पार्टी को राष्ट्रगीत को 'बांटने' या उससे 'छेड़छाड़' करने नहीं देगी। भाजपा ने कहा कि उसका प्रस्ताव कांग्रेस के रुख का सीधा जवाब था और उसने गाने की पूरी विरासत की रक्षा के लिए देशव्यापी अभियान शुरू करने का संकल्प लिया।
प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए, संबित पात्रा ने कहा कि कांग्रेस को खुद को या अपनी कार्यसमिति को संसद से बड़ा नहीं समझना चाहिए।
उन्होंने कहा, 'आज मैं देश से पूछना चाहता हूं: संसद बड़ी है या सीडब्ल्यूसी? क्या देश संसद में लिए गए फैसलों के आधार पर चलेगा, या सीडब्ल्यूसी द्वारा लिए गए फैसलों और पास किए गए प्रस्तावों के आधार पर?'
पात्रा ने कहा कि कोई भी राजनीतिक दल, परिवार या व्यक्ति संविधान और संसद द्वारा पारित कानूनों से ऊपर नहीं है।
उन्होंने कहा, 'किसी भी परिवार, राजनीतिक दल या व्यक्ति को यह नहीं सोचना चाहिए कि वह देश के कानून, देश के संविधान और संसद द्वारा बनाए गए कानूनों से ऊपर है।'
उन्होंने कहा, 'सीडब्ल्यूसी को अपने दफ़्तर में बैठकर खुद को संसद से बड़ा नहीं समझना चाहिए। संसद लोकतंत्र का सर्वोच्च मंदिर है। संसद के भीतर जो भी फ़ैसला लिया जाता है, वह देश का फ़ैसला होता है।'
उन्होंने कांग्रेस पर राजनीतिक तुष्टीकरण के लिए वंदे मातरम् को लेकर विवाद खड़ा करने की कोशिश का आरोप लगाया और कहा कि भाजपा इसके गायन में बाधा डालने की किसी भी कोशिश का विरोध करेगी।
पात्रा ने कहा, 'वंदे मातरम् देश का गीत है। यह देश का मंत्र है। यह हिंदुओं और मुसलमानों के बीच बंटवारा करने का ज़रिया नहीं है।' उन्होंने कहा कि भाजपा, कांग्रेस को सन् 1937 के फ़ैसले के पीछे की राजनीति को फिर से शुरू नहीं करने देगी।


