'सरकार को बदनाम करने और युवाओं में आक्रोश पैदा करने के लिए कॉजपा का प्रदर्शन 'नौटंकी''
महाराष्ट्र के मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने कहा...
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नागपुर/भाषा। महाराष्ट्र के मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने मंगलवार को नीट में कथित अनियमितताओं के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के प्रदर्शन को सरकार को बदनाम करने के लिए रची गई 'नौटंकी' करार देते हुए खारिज कर दिया। उन्होंने दावा किया कि युवाओं के बीच इस मुद्दे को लेकर ‘जानबूझ कर’ आक्रोश पैदा किया गया।
भाजपा के वरिष्ठ नेता ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का बचाव करते हुए संसद की ओर कॉजपा के विरोध मार्च के दौरान कथित पथराव की घटनाओं की गहन जांच की मांग की।मानसून सत्र के पहले दिन कॉजपा के संसद मार्च के दौरान उसके हजारों समर्थकों द्वारा कथित तौर पर अवरोधक पार करने की कोशिश किए जाने के बाद सुरक्षा बलों ने सोमवार को नई दिल्ली में संसद मार्ग के पास उन पर लाठी चार्ज किया। ये समर्थक प्रश्नपत्र लीक के विरोध में प्रदर्शन करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे थे।
पुलिस की यह कार्रवाई सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को 18 जुलाई को जंतर-मंतर विरोध स्थल से दिल्ली पुलिस द्वारा हटाए जाने और उन्हें सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराए जाने के दो दिन बाद हुई।
बावनकुले ने आरोप लगाया कि देश में कांग्रेस के शासनकाल के दौरान भी हजारों बार प्रश्नपत्र लीक हुए थे, लेकिन तब इस तरह का कोई प्रदर्शन नहीं हुआ था।
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को नुकसान पहुंचाने के लिए एक समूह और एक विचारधारा समाज में सक्रिय हो गई है।
बावनकुले ने नागपुर में पत्रकारों से कहा, 'यह कॉकरोच (कॉजपा) प्रदर्शन एक नौटंकी है, क्योंकि उन्हें कोई मुद्दा नहीं मिल रहा है। वे युवाओं में आक्रोश पैदा करने की साजिश रच रहे हैं। कुछ युवा यहां वास्तविक परेशानी के कारण इस प्रदर्शन में शामिल हुए हैं क्योंकि नीट रद्द हो गया था और वे परेशान हैं। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि सरकार ने कोई कार्रवाई नहीं की। क्या हमारे किसी मंत्री ने प्रश्नपत्र लीक किया? क्या चंद्रशेखर बावनकुले या धर्मेंद्र प्रधान ने कोई प्रश्नपत्र लीक किया था?'
मंत्री ने कहा कि सरकार ने इस मुद्दे पर दृढ़ता से कदम उठाया, कार्रवाई की, कड़े नियंत्रण लागू किए और नीट मामले को उचित तरीके से संभाला।


