अगस्त में यूपीआई ट्रांज़ैक्शन की संख्या 24.51 अरब के अब तक के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंची
कुल वैल्यू 29.8 लाख करोड़ रुपए थी
Photo: @NPCI.org.in FB page
नई दिल्ली/दक्षिण भारत। नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ़ इंडिया (एनपीसीआई) के डेटा के मुताबिक, अगस्त में घरेलू यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफ़ेस (यूपीआई) ने रिकॉर्ड 24.51 अरब ट्रांज़ैक्शन प्रोसेस किए, जिनकी कुल वैल्यू 29.8 लाख करोड़ रुपए थी। इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह रक्षाबंधन का त्योहार था।
यूपीआई ट्रांज़ैक्शन की वैल्यू 29.8 लाख करोड़ रुपए रही, जो मई और जुलाई 2026 में 29.9 लाख करोड़ रुपए के रिकॉर्ड हाई के करीब है। मंगलवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, अगस्त में यूपीआई ट्रांज़ैक्शन की संख्या रिकॉर्ड 24.51 अरब तक पहुंच गई, जो पिछले महीने के 23.66 अरब से काफी ज़्यादा है।इस साल जून में वॉल्यूम 22.72 अरब और मई में 23.2 अरब था। अगस्त में ट्रांज़ैक्शन की वैल्यू 29.82 लाख करोड़ रुपए थी, जो एक साल पहले इसी महीने में 24.85 लाख करोड़ रुपए थी; यानी इसमें सालाना 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई।
एनपीसीआई के डेटा के अनुसार, अगस्त में यूपीआई वॉल्यूम सालाना आधार पर 22 प्रतिशत बढ़कर 24.51 अरब हो गया, जबकि पिछले साल इसी महीने में यह 19.63 अरब था।
एनपीसीआई, रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया और इंडियन बैंक्स एसोसिएशन की एक पहल है, जो भारत में रिटेल पेमेंट और सेटलमेंट सिस्टम को चलाने के लिए एक अंब्रेला ऑर्गनाइज़ेशन है। यह यूपीआई को चलाता है, जिसका इस्तेमाल लोगों के बीच या खरीदारी करते समय मर्चेंट के पास रियल-टाइम पेमेंट के लिए किया जाता है।
एक विशेषज्ञ ने कहा कि अगस्त में वॉल्यूम में बढ़ोतरी को रक्षाबंधन जैसे त्योहारों से और बढ़ावा मिला, जिससे स्वाभाविक रूप से रोज़ाना होने वाले पीयर-टू-पीयर ट्रांसफर और छोटे-मोटे गिफ्ट देने के लेन-देन में तेज़ी आई। साथ ही, पिछले तीन महीनों में वॉल्यूम बढ़ने के बावजूद कुल ट्रांज़ैक्शन वैल्यू का स्थिर बने रहना यूपीआई इकोसिस्टम के बढ़ते दायरे और गहराई को दिखाता है।
आगे की बात करते हुए उन्होंने कहा कि आने वाला त्योहारों का मौसम विकास के लिए एक रोमांचक अवसर लेकर आ रहा है।


