प. बंगाल के सभी स्कूलों और मदरसों में ‘वंदे मातरम’ गाना अनिवार्य: दिलीप घोष
हुमायूं कबीर ने इसका विरोध किया
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कोलकाता/दक्षिण भारत/भाषा। पश्चिम बंगाल के मंत्री दिलीप घोष ने शुक्रवार को कहा कि राज्यभर के सभी स्कूलों और मदरसों में 'वंदे मातरम्' गाना अनिवार्य है।
एक आधिकारिक आदेश के अनुसार प. बंगाल सरकार ने सभी मदरसों में प्रार्थना सभा के दौरान 'वंदे मातरम्' गाना तत्काल प्रभाव से अनिवार्य कर दिया है।मदरसा शिक्षा निदेशालय का यह आदेश राज्य की भाजपा सरकार द्वारा सभी स्कूलों में राष्ट्रगीत गाना अनिवार्य किए जाने के लगभग एक सप्ताह बाद आया है।
भाजपा के वरिष्ठ नेता ने पत्रकारों से कहा, 'वंदे मातरम् सभी स्कूलों और मदरसों में, हर जगह गाया जाएगा। जहां भी सरकारी निधि का उपयोग होता है और सरकारी कानून लागू होते हैं, वहां राष्ट्रगीत गाया जाना चाहिए। पूरे देश में इसी तरह इसका पालन किया जाता है।'
‘ऑल बंगाल माइनॉरिटी यूथ फेडरेशन’ के अध्यक्ष हुमायूं कबीर ने बृहस्पतिवार को कहा था कि मदरसे इस आदेश को लागू करने के किसी भी प्रयास का विरोध करेंगे।
कबीर ने कहा, ‘मदरसों में वंदे मातरम् नहीं गाया जाएगा। सरकार को मदरसों में ऐसे मामलों पर हुक्म चलाने का कोई अधिकार नहीं है।’ उन्होंने दावा किया कि अगर यह निर्देश लागू किया गया, तो ‘सभी मुसलमान एकजुट होकर इस फरमान का विरोध करेंगे।’
मुर्शिदाबाद जिले के भरतपुर से तृणमूल कांग्रेस के पूर्व विधायक कबीर ने राज्य के कुछ हिस्सों और देश के अन्य हिस्सों में हाल ही में किए गए अतिक्रमण-रोधी अभियानों का भी जिक्र किया।
उन्होंने कहा, 'मैं अवैध अतिक्रमणों को हटाने का विरोध नहीं करूंगा, लेकिन मैं मुसलमानों के साथ होने वाले दुर्व्यवहार का विरोध करूंगा।'


