महिला आरक्षण अधिनियम लागू हुआ

मोदी सरकार का बड़ा कदम

महिला आरक्षण अधिनियम लागू हुआ

Photo: PixaBay

नई दिल्ली/दक्षिण भारत। महिला आरक्षण अधिनियम 2023, जो विधायिकाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देता है, गुरुवार को लागू हो गया। इसे संसद में चर्चा के अधीन प्रस्तावित संशोधन को प्रभावी बनाने के लिए लागू किया गया है।

Dakshin Bharat at Google News
एक अधिकारी ने बताया कि इस कानून को लागू करना अनिवार्य था, क्योंकि इसके प्रस्तावित संशोधन बिना इसके प्रभावी नहीं हो पाते।
 
संविधान संशोधन विधेयक कानून तो बन गया, लेकिन संविधान का हिस्सा नहीं बन पाया, क्योंकि सरकार ने इसे लागू नहीं किया।

यदि कोई कानून लागू ही न हो, तो उसमें प्रस्तावित संशोधन को कैसे लागू किया जा सकता है? इसलिए, इसे 16 अप्रैल से प्रभावी करते हुए लागू किया गया। 

साल 2023 का अधिनियम 16 ​​अप्रैल से प्रभावी हुआ ​है और यह उस समय अधिसूचित किया गया जब संसद में इसी कानून में संशोधन करने को लेकर बहस चल रही थी, ताकि इसे साल 2029 में लागू किया जा सके।

एक अन्य अधिकारी ने गुरुवार रात बिना विस्तार से बताए, कानून को लागू करने के पीछे तकनीकी कारणों का हवाला दिया। अधिकारी ने कहा कि हालांकि यह अधिनियम लागू हो गया है, लेकिन मौजूदा सदन में आरक्षण को लागू नहीं किया जा सकता।

अधिकारी ने कहा कि अगली जनगणना के आधार पर परिसीमन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद महिलाओं के लिए आरक्षण लागू किया जा सकता है।

अधिसूचना में कहा गया है: 'संविधान (एक सौ छहवां संशोधन) अधिनियम, 2023 की धारा 1 की उप-धारा (2) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, केंद्र सरकार एतद्द्वारा 16 अप्रैल, 2026 को उस तारीख के रूप में नियुक्त करती है, जिस दिन उक्त अधिनियम के प्रावधान लागू होंगे।'

सितंबर 2023 में, संसद ने विधायी निकायों में महिलाओं के प्रतिनिधित्व को बढ़ाने की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम उठाते हुए 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' पारित किया, जिसे आमतौर पर 'महिला आरक्षण अधिनियम' के नाम से जाना जाता है।

इस अधिनियम में लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित करने का प्रावधान किया गया।

साल 2023 के कानून के तहत, आरक्षण साल 2034 से पहले लागू नहीं होगा, क्योंकि इसे 2027 की जनगणना के बाद परिसीमन प्रक्रिया पूरी होने से जोड़ा गया था।

लोकसभा में जिन तीन विधेयकों—'संविधान (एक सौ इकतीसवाँ संशोधन) विधेयक, 2026', 'परिसीमन विधेयक, 2026' और 'संघ राज्य क्षेत्र विधि (संशोधन) विधेयक, 2026'—पर इस समय चर्चा चल रही है, उन्हें सरकार द्वारा इसलिए लाया गया है ताकि 2029 में महिला आरक्षण लागू किया जा सके।

About The Author

Dakshin Bharat Android App Download
Dakshin Bharat iOS App Download