सिद्दरामय्या ने कैबिनेट सहयोगियों के लिए नाश्ते का आयोजन किया
अटकलें लगाई जा रही हैं कि सिद्दरामय्या संभवतः नाश्ते की बैठक में मुख्यमंत्री पद से हटने की घोषणा करेंगे
Photo: Siddaramaiah.Official FB Page
बेंगलूरु/दक्षिण भारत। कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्दरामय्या, जिनके पद छोड़ने की चर्चा जोरों पर है, ने गुरुवार को यहां अपने सरकारी आवास पर कैबिनेट सहयोगियों के लिए नाश्ते का आयोजन किया।
मौजूदा उपमुख्यमंत्री और संभावित मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार तथा कैबिनेट के अन्य सहयोगी नाश्ते की बैठक में शामिल हुए।ऐसी अटकलें लगाई जा रही हैं कि सिद्दरामय्या संभवतः नाश्ते की बैठक में मुख्यमंत्री पद से हटने की घोषणा करेंगे, ताकि शिवकुमार के लिए रास्ता बन सके।
खबरों के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने राज्यपाल से मिलने का समय मांगा है। ऐसा प्रतीत होता है कि पार्टी आलाकमान ने उनसे राज्य में नेतृत्व परिवर्तन के लिए रास्ता बनाने को कहा है।
माना जा रहा है कि सिद्दरामय्या आज संभवतः अपना इस्तीफ़ा सौंपने के लिए राज्यपाल थावरचंद गहलोत से मिलने वाले थे, लेकिन राज्यपाल शहर में नहीं हैं। वे निजी कारणों से इंदौर गए हैं।
राज्य में नए मुख्यमंत्री की उम्मीद में जैसे-जैसे राजनीतिक सरगर्मी बढ़ रही है, कर्नाटक के प्रभारी अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला ने बुधवार को स्पष्ट किया कि पार्टी ने राज्य में विधायक दल की कोई बैठक नहीं बुलाई है और न ही अभी तक कोई अन्य निर्णय लिया गया है। उन्होंने मीडिया से अनुरोध किया कि वे इस मुद्दे पर अटकलें न लगाएं।
बता दें कि विधायक दल अपने नेता का चुनाव करता है, जो मुख्यमंत्री पद के लिए स्वाभाविक पसंद होता है। बुधवार को यहां पहुंचे सुरजेवाला ने सिद्दरामय्या और अन्य वरिष्ठ नेताओं से भी मुलाकात की।
यह घटनाक्रम कांग्रेस आलाकमान द्वारा कथित तौर पर सिद्दरामय्या से राज्य में नेतृत्व परिवर्तन के लिए रास्ता बनाने को कहने और उन्हें राज्यसभा सीट के साथ पार्टी में केंद्रीय भूमिका की पेशकश किए जाने के बाद सामने आया है। रिपोर्टों के अनुसार, सिद्दरामय्या ने तत्काल इस केंद्रीय भूमिका को स्वीकार नहीं किया है।
कुछ सूत्रों के अनुसार, सिद्दरामय्या ने शायद इसलिए पद छोड़ने का फ़ैसला किया है, क्योंकि यह संदेश सीधे पार्टी के शीर्ष नेता राहुल गांधी की ओर से आया था। मुख्यमंत्री ने बार-बार यह कहा है कि यदि लोकसभा में विपक्ष के नेता उनसे ऐसा करने को कहेंगे, तो वे पद छोड़ देंगे।
पार्टी ने मंगलवार को सिद्दरामय्या और शिवकुमार को दिल्ली बुलाया था, जहां कांग्रेस मुख्यालय में राहुल गांधी, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और पार्टी के महासचिवों केसी वेणुगोपाल तथा सुरजेवाला के साथ लगातार बैठकें हुईं।


