भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी
भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी

नई दिल्ली/दक्षिण भारत। वरिष्ठ भाजपा नेता सुब्रमण्‍यम स्वामी ने जेएनयू में फीस बढ़ोतरी और हॉस्टल नियमों के संबंध में जारी घटनाक्रम पर कड़ी टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि जेएनयू में कैंसर जड़ों तक पहुंच चुका है और इसकी सर्जरी जरूरी है।

बता दें कि जेएनयू में फीस बढ़ोतरी और हॉस्टल के कुछ नियमों को लेकर विवाद जारी है। इस पर सुब्रमण्‍यम स्वामी ने कठोर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि ये छात्र यहां पढ़ाई करने नहीं आते और इन्हें आसानी से डिग्री मिल जाती है। यही नहीं, स्वामी ने पीएचडी के बारे में कहा कि ये थीसिस लिखकर डिग्री भी ले जाते हैं।

सुब्रमण्‍यम स्वामी ने कहा कि जेएनयू में कैंसर जड़ों तक पहुंच चुका है, इसकी सर्जरी जरूरी है। उन्होंने अपने बयान को स्पष्ट करते हुए कहा कि इस यूनिवर्सिटी को बंद किया जाए और इसे साफ किया जाए। उन्होंने फीस विवाद पर कहा कि यूनिवर्सिटी की फीस दिल्ली यूनिवर्सिटी अथवा दूसरी अन्य यूनिवर्सिटी की तरह की जाए।

‘हर छात्र की निकालो कुंडली’
सुब्रमण्‍यम स्वामी द्वारा जेएनयू से जुड़े मामलों पर की गई यह पहली सख्त ​टिप्पणी नहीं है। हाल में उन्होंने कहा कि यहां 35 साल वाले भी अभी तक बैचलर डिग्री ले रहे हैं! उन्होंने कहा कि जेएनयू को मिलने वाला धन दूसरी यूनिवर्सिटी से काफी ज्यादा होता है। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके बावजूद यह सबसे ज्यादा राजद्रोही तैयार करता है।

सुब्रमण्‍यम स्वामी ने जेएनयू के हर छात्र का बायोडेटा निकालने का मशवरा देते हुए कहा कि इसके आधार पर यह जानकारी हासिल की जानी चाहिए कि कौन यहां शोध अथवा पढ़ाई कर रहा है।

बता दें कि जेएनयू में फीस बढ़ोतरी के फैसले के विरोध में छात्रों ने सोमवार को संसद मार्च का ऐलान किया था। हालांकि उन्हें जेएनयू परिसर के बाहर ही पुलिस ने रोक लिया था। इस दौरान पुलिस ने करीब 100 छात्रों को हिरासत में लिया।

गिरिराज भी बरसे
जेएनयू का यह मामला मंगलवार को राज्यसभा में गूंजा। विपक्षी दलों ने इसके लिए सरकार की आलोचना की। वहीं, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने एक टीवी चैनल से बातचीत करते हुए कहा कि जेएनयू छात्रावास फीस बढ़ोतरी एक बहाना है, कुछ लोग इस संस्थान को शहरी नक्सलवाद का केंद्र बनाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि यह वही जेएनयू है जहां ‘भारत तेरे टुकड़े होंगे’ के नारे लगे थे और अफजल गुरु की बरसी मनाई गई थी।