जयपुर/दक्षिण भारत। कांग्रेस नेता अशोक गहलोत ने शनिवार को कहा कि कन्हैया लाल हत्याकांड के चार साल बाद भी न्याय नहीं मिल पाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने चुनावों के लिए इस मुद्दे का इस्तेमाल किया, लेकिन अब दोषियों को सज़ा दिलाने के मामले में चुप है।
राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि भले ही एनआईए मामले की जांच कर रही है और उसकी विशेष अदालत में सुनवाई चल रही है, लेकिन केंद्र और राज्य में भाजपा की सरकारें होने के बावजूद मामले में कोई खास प्रगति नहीं हुई है।
कांग्रेस नेता ने दावा किया कि अब तक 180 गवाहों में से सिर्फ़ 21 से ही पूछताछ हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह देरी सिर्फ़ लापरवाही नहीं, बल्कि मामले को लंबा खींचने की जानबूझकर की गई कोशिश लगती है। उन्होंने कहा कि भाजपा की मंशा मामले की तेज़ी से सुनवाई सुनिश्चित करने की नहीं है।
गहलोत ने कहा, ‘भाजपा ने इस मुद्दे का चुनावी लाभ उठाया लेकिन पीड़ित परिवार को समय पर न्याय दिलाने में पूरी तरह विफल रही। चुनाव के दौरान पार्टी ने इस मामले को प्रमुखता से उठाया था लेकिन अब आरोपियों को सजा दिलाने के मुद्दे पर पूरी तरह खामोश है।’
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी अब राजस्थान के दौरे के दौरान इस मामले का उल्लेख नहीं करते।
कांग्रेस के दिग्गज नेता ने राज्य की जनता से इस मुद्दे पर भाजपा के राजनीतिक रवैये को समझने की अपील करते हुए आरोप लगाया कि पार्टी ने लोगों की भावनाओं के साथ राजनीति की है।
जून 2022 में कन्हैयालाल की उनकी दुकान में घुसकर दो लोगों ने कथित तौर पर हत्या कर दी थी। घटना के समय राज्य में अशोक गहलोत के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार सत्ता में थी।