नागपुर/दक्षिण भारत। कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजित दीपके ने मंगलवार को आरोप लगाया कि एक दिन पहले उन पर हुए हमले के पीछे 'आरएसएस के कुछ लोग' थे। उन्होंने दावा किया कि यह असली मुद्दे से ध्यान भटकाने और छात्रों की आवाज़ दबाने की कोशिश थी।
पिछले महीने हुए नीट (यूजी) पेपर लीक मामले को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग के लिए सीजेपी का विरोध प्रदर्शन आज संविधान चौक पर होना है। इससे पहले मंगलवार सुबह दीपके नागपुर एयरपोर्ट पहुंचे।
सोमवार को जयपुर में एक विरोध प्रदर्शन के दौरान, जब सीजेपी के संस्थापक को उनके समर्थक कंधों पर उठाए हुए थे, तो कथित तौर पर दो लोगों ने उन्हें कई बार थप्पड़ मारे। इस घटना के सिलसिले में दो युवकों को हिरासत में लिया गया है।
जब उनसे पूछा गया कि उन्हें क्या लगता है कि उन पर हुए हमले के पीछे कौन था, तो दीपके ने आरोप लगाया, 'इसमें आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ) से जुड़े कुछ लोग शामिल थे और इसमें कोई नई बात नहीं है।'
उन्होंने दावा किया कि जब भी कोई सरकार या उसकी विचारधारा के ख़िलाफ़ बोलता है, तो वे ऐसा ही करते हैं। इसमें कुछ भी नया नहीं है।
आरएसएस से संबंध होने और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाक़ात करने के दावों पर दीपके ने कहा, 'क्या इसीलिए उन्होंने कल मुझ पर हमला किया?'
उन्होंने दावा किया कि उन पर हुआ हमला असल मुद्दे से ध्यान भटकाने और छात्रों की आवाज़ दबाने की कोशिश थी।
उन्होंने कहा, 'हम अपने मुद्दों से पीछे नहीं हटेंगे; आप चाहें तो हम पर जितने चाहें उतने हमले करें। हम शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध जारी रखेंगे और अपने मुख्य मुद्दे से नहीं भटकेंगे — जो एक करोड़ से ज़्यादा छात्रों के साथ हो रहे अन्याय से जुड़ा है — और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इसकी ज़िम्मेदारी लेनी होगी।'
उन्होंने ज़ोर देकर कहा, 'इस तरह के हमले होते रहेंगे, लेकिन मैं डरता नहीं हूं। हम गांधीजी और अंबेडकर के रास्ते पर चलते हैं और यह हमारा सत्याग्रह है। हम शांतिपूर्ण ढंग से इसे जारी रखेंगे।'
दीपके ने नागपुर के निवासियों, जिनमें छात्र और युवा भी शामिल हैं, से अपील की है कि वे मंगलवार को शाम 4 बजे शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए संविधान चौक पर इकट्ठे हों।
सीजेपी नीट (यूजी) पेपर लीक मामले को लेकर धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग कर रही है।