नई दिल्ली/दक्षिण भारत/भाषा। कांग्रेस ने सोमवार को कहा कि पश्चिम एशिया में युद्ध खत्म करने के लिए सहमति बनने के बाद अब सरकार को पेट्रोल, डीजल और दूसरे ईंधन की कीमतों में की गई बढ़ोतरी वापस लेनी चाहिए।
पार्टी के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने यह सवाल भी किया कि क्या प्रधानमंत्री इसकी घोषणा फ्रांस से करेंगे या फिर देश लौटकर यह खुशखबरी देंगे?
अमेरिका और ईरान के बीच 107 दिन तक जारी रहे युद्ध को समाप्त करने व होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने पर सहमति बन गई है और दोनों देशों के बीच समझौते पर शुक्रवार को स्विट्जरलैंड में हस्ताक्षर किए जाएंगे।
खेड़ा ने ‘एक्स’ पर कहा, ‘हमें बताया जा रहा था कि भारत की बेहाल अर्थव्यवस्था की वजह अमेरिका-ईरान की जंग है। हर महंगाई, हर गिरावट और हर परेशानी का दोष सरकार की नीतियों पर नहीं, पश्चिम एशिया के तनाव पर था। अब जब जंग खत्म हो गई है, तो मोदीजी का बहाना भी खत्म हो जाना चाहिए।’
उनका कहना है, ‘कच्चे तेल के दाम कम होंगे। आपूर्ति शृंखला सामान्य होंगी। मांग स्थिर होगी। स्वाभाविक रूप से, इसका फायदा देश के ग्राहकों को भी मिलना चाहिए। मतलब यह कि पेट्रोल, डीज़ल, सीएनजी, एलपीजी और एलएनजी के दामों में की गई बढ़ोतरी को वापस लेना चाहिए।’
कांग्रेस नेता ने कहा, ‘क्या इस खुशखबरी का ऐलान मोदीजी फ्रांस से ही करेंगे? या फिर देश को उनके वापस लौटने का इंतज़ार करना पड़ेगा?’