पटना/दक्षिण भारत। पटना की एक अदालत ने मंगलवार को शिक्षक फैसल खान, जिन्हें 'खान सर' के नाम से जाना जाता है, की गिरफ़्तारी पर अगले आदेश तक रोक लगा दी। उनके वकील ने यह जानकारी दी है।
एक हफ़्ते पहले, जब कुछ उपद्रवियों ने कथित तौर पर खान के कोचिंग इंस्टीट्यूट में तोड़-फोड़ की थी, तब उनके गार्ड्स की ओर से की गई गोलीबारी की घटना से जुड़ी एफआईआर में खान का नाम भी शामिल किया गया था।
पटना में खान सर के वकील अरविंद कुमार मौआर ने पत्रकारों को बताया, 'अदालत ने अगले आदेश तक उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है और अगली सुनवाई में केस डायरी और अन्य संबंधित जानकारी पेश करने का आदेश दिया है।'
शिक्षक ने सोमवार को अग्रिम ज़मानत के लिए याचिका दायर की थी। वकील ने कहा, 'कानून के मुताबिक सभी तथ्य अदालत के सामने रखे गए हैं। केस डायरी की जांच के बाद, अदालत से अंतिम आदेश जारी करने की उम्मीद है।'
उन्होंने कहा कि अगली तारीख अभी तय नहीं हुई है। मौआर ने बताया कि अदालत ने गुरुवार को पुलिस द्वारा हिरासत में लिए गए दो गार्डों के मामले की डायरी और उनके पिछले रिकॉर्ड की भी मांग की।
वकील ने कहा, 'उनका मामला कल के लिए तय है। अदालत के सामने केस डायरी पेश किए जाने के बाद सुनवाई होगी।'
शिक्षक को 'जबरन कार्रवाई से सुरक्षा' मिल गई है और वे जांच अधिकारियों के किसी भी सवाल का जवाब देने में सहयोग करेंगे।
आरोप है कि 15-20 लोगों के एक समूह ने 2 जून की रात राज्य की राजधानी पटना में 'खान ग्लोबल स्टडीज़ इंस्टीट्यूट' में तोड़-फोड़ की और उसके परिसर में पत्थर फेंके।
पुलिस ने गुरुवार को खान सर के कोचिंग इंस्टीट्यूट से जुड़े दो गार्ड्स को हिरासत में लिया। उन पर 2 जून की रात गोली चलाने का आरोप है।