कोलकाता/दक्षिण भारत। भाजपा ने गुरुवार को अपने नेता सुवेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी की हत्या को, पिछले 15 सालों से तृणकां के शासन वाले पश्चिम बंगाल में कानून-व्यवस्था के पूरी तरह से चरमरा जाने का सबूत बताया।
उसने ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणकां पर हाल में संपन्न विधानसभा चुनावों में सत्ता गंवाने के बाद अराजकता फैलाने का आरोप लगाया।
राज्य में पहली भाजपा सरकार के शपथग्रहण से ठीक दो दिन पहले हुई इस हाई-प्रोफ़ाइल हत्या की सभी पार्टियों ने निंदा की, जबकि तृणमूल कांग्रेस ने इन आरोपों को खारिज करते हुए भाजपा पर इस घटना का राजनीतिकरण की कोशिश करने का आरोप लगाया।
'ममता की हार का बदला लेने के लिए की गई हत्या'
विधानसभा चुनाव नतीजों के महज़ 48 घंटे बाद ही अपने बेटे को खो देने से सदमे में डूबी चंद्रनाथ रथ की मां ने गुरुवार को दोषियों के लिए आजीवन कारावास की मांग की और दावा किया कि यह हत्या भवानीपुर में शुभेंदु अधिकारी के हाथों ममता बनर्जी की हार का नतीजा थी।
अधिकारी के सहयोगी की बाइक सवार हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी। हमलावरों ने बुधवार रात करीब 10:30 बजे मध्यमग्राम के डोलतला के पास रथ की गाड़ी रोकी, उसे रुकने पर मजबूर किया और बेहद करीब से गोली चलाने के बाद वहां से फरार हो गए।
चंद्रनाथ की मां ने मीडिया से कहा, 'एक मां होने के नाते, मैं किसी के लिए भी मौत की सज़ा नहीं मांग सकती। लेकिन मैं दोषियों के लिए आजीवन कारावास की मांग करूंगी।'
कड़ी सुरक्षा के बीच पोस्टमार्टम
पार्टी के एक सूत्र ने बताया कि भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने चंद्रनाथ रथ के आवास का दौरा किया और कहा कि गुरुवार को पोस्टमार्टम पूरा होने के बाद उनका परिवार अंतिम संस्कार के संबंध में निर्णय लेगा।
पश्चिम बंगाल पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गुरुवार सुबह बारासात सरकारी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की भारी तैनाती के बीच पोस्टमार्टम शुरू हुआ।
उन्होंने कहा कि प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिवार को सौंप दिया जाएगा।