बेंगलूरु/दक्षिण भारत। द स्कूल ऑफ़ डिज़ाइन, विद्याशिल्प यूनिवर्सिटी ने एलायंस फ़्रांसेज़ दे बेंगलूरु के सहयोग से इमैजिनरी फ़्यूचर्स 2050 का उद्घाटन किया। यह एक बहु-विषयक प्रदर्शनी है, जो अपने संकाय सदस्यों और विद्यार्थियों के कार्यों के माध्यम से कल्पनाशीलता, नवाचार और रचनात्मक अन्वेषण को एकसाथ प्रस्तुत करती है।
इस प्रदर्शनी का उद्घाटन विद्याशिल्प यूनिवर्सिटी के कुलपति पीजी बाबू ने किया। इस अवसर पर विद्याशिल्प यूनिवर्सिटी के स्कूल ऑफ़ डिज़ाइन के डीन नरेंद्र रघुनाथ, प्रतिष्ठित प्रकाशक एवं विद्याशिल्प यूनिवर्सिटी के विज़िटिंग प्रोफेसर एलन एफ पार्कर, एलायंस फ़्रांसेज़ दे बेंगलूरु के निदेशक एवं महासचिव जीन-मार्क डेपियर, स्कूल ऑफ़ डिज़ाइन, विद्याशिल्प यूनिवर्सिटी की प्रोग्राम चेयर डॉ. वसंती मरियादास तथा वरिष्ठ शिक्षाविद् मौजूद थे।
प्रो. पीजी बाबू ने कहा, 'अच्छे डिज़ाइन में समय लगता है, लेकिन उसे वास्तव में जीवंत बनाने का काम सामूहिक प्रयास करता है। इमैजिनरी फ़्यूचर्स 2050 यह दर्शाता है कि किस तरह संकाय सदस्य और छात्र विभिन्न विषयों और अनुभवों के पार एक साथ आकर कुछ ऐसा रचते हैं, जो विचारपूर्ण भी है और सुंदर भी।'
प्रो. एलन पार्कर ने कहा, 'डिज़ाइन में नवाचार भविष्यवाणी करने में नहीं, बल्कि यह समझने में निहित है कि भविष्य अभी अस्तित्व में नहीं है, सिर्फ वर्तमान मौजूद है। यहां हम उस वर्तमान क्षण की अपार संभावनाओं और विचारों के साथ गहराई से जुड़ने को तैयार एक पीढ़ी के वादे को देख रहे हैं।'