भाजपा ने 'एआई-जनित तस्वीर' शेयर करने पर प्रियांक खरगे पर निशाना साधा, माफी की मांग की

भाजपा ने आरोप लगाया- 'उन्होंने शर्मनाक तरीके से ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ पहल का मज़ाक उड़ाया'

Photo: BJP4Karnataka FB Page

बेंगलूरु/दक्षिण भारत। कर्नाटक भाजपा ने आईटी मंत्री प्रियांक खरगे पर निशाना साधते हुए उन पर फर्जी खबर फैलाने का आरोप लगाया है। पार्टी का कहना है कि उन्होंने प्रधानमंत्री पर हमला करने और अदालत के आदेश को लेकर जनता को गुमराह करने के उद्देश्य से एक 'दुर्भावनापूर्ण एआई-जनित तस्वीर' प्रसारित की है।

उसने प्रियांक खरगे पर ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ पहल का मज़ाक उड़ाने का भी आरोप लगाया और उनसे बिना शर्त माफी की मांग की है। हालांकि प्रियांक खरगे ने बाद में उस तस्वीर वाली पोस्ट को हटा दिया, जिसमें साल 2017 के उन्नाव दुष्कर्म मामले का सन्दर्भ दिया गया था।
 
उन्होंने कर्नाटक भाजपा को संबोधित करते हुए कहा कि पोस्ट में इस्तेमाल की गई तस्वीर भले ही एआई-जनित हो और अनजाने में हुई चूक के कारण साझा की गई हो, लेकिन 'आपकी छवि पहले से ही सबके सामने है।'

बता दें कि दिल्ली उच्च न्यायालय ने हाल में उन्नाव मामले में आजीवन कारावास की सजा काट रहे निष्कासित भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर की जेल की सजा को निलंबित कर दिया। न्यायालय ने कहा कि वे पहले ही सात साल और पांच महीने की सजा जेल में काट चुके हैं।

कर्नाटक भाजपा ने दावा किया कि स्वयं को 'फैक्ट-चेकर' बताने वाले प्रियांक खरगे फर्जी खबर फैलाते हुए पकड़े गए। उसने कहा, 'आईटी और बीटी विभाग का प्रभार संभालने के बावजूद, उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला करने और अदालत के आदेश को लेकर जनता को गुमराह करने के लिए एक दुर्भावनापूर्ण, एआई-जनित तस्वीर प्रसारित की।'

भाजपा ने आरोप लगाया, 'उन्होंने शर्मनाक तरीके से ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ पहल का मज़ाक उड़ाया। यह भारत की बेटियों को सशक्त बनाने की एक अहम योजना है और सस्ती राजनीति के लिए झूठ का सहारा लेकर उसके अर्थ को तोड़-मरोड़ कर पेश किया गया है।'

तथ्यों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए भाजपा ने खरगे पर निशाना साधा और कहा कि यह राहत अदालत का आदेश है, जिसे सीबीआई चुनौती दे रही है, न कि सरकार का फैसला है।

राज्य भाजपा ने एक पोस्ट में कहा, 'उनकी (खरगे) पोस्ट उनकी अपनी सरकार के हेट स्पीच बिल का उल्लंघन करती है, क्योंकि इसमें न्यायिक प्रक्रिया का मज़ाक उड़ाने के लिए सांप्रदायिक चित्रों का इस्तेमाल किया गया है। सच्चाई को बनाए रखने के बजाय, प्रियांक खरगे झूठ और सांप्रदायिक उकसावे का सहारा लेते हैं। हम इस गलत जानकारी के लिए बिना शर्त माफी और तुरंत कानूनी कार्रवाई की मांग करते हैं।'

इस पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए, खरगे ने भाजपा की आलोचना की और उस पर आरोप लगाया कि पार्टी अपराधियों को सम्मान और संरक्षण देती रही है।

उन्होंने कहा, 'बड़ी समस्या यह है कि भाजपा अपराधियों को सम्मान और संरक्षण देती रही है। कर्नाटक में पॉक्सो आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं हुई? और यह नेता अभी भी आपकी पार्टी के लिए मेंटर और ‘मार्गदर्शक प्रकाश’ के रूप में क्यों पेश किया जा रहा है? क्या आप चाहते हैं कि मैं इसे आपके लिए फैक्ट-चेक कर दूं?'

About The Author: News Desk