Breaking News
National
International
Business
Sports
Bangalore City
E-Paper
S A M A Y I K A G R A L E K H
Home
करजई की वापसी भारत के हक में : एन निर्मल
अमेरिका के लिए इस बात से कोई खास फर्क नहीं पड़ने वाला कि काबुल में राष्ट्रपति के रूप में..
आगे..
वैश्विक आर्थिक मंदी का दोषी कौन ?: डॉ. भरत झुनझुनवाला
वैश्विक संकट के लिए वित्तीय संस्थाओं के लोभ को दोषी ठहराया जा रहा है। सोच है कि बैंकों एवं प्रॉपर्टी एजेंटों की सट्टेबाजी के कारण..
आगे..
वैश्विक आर्थिक मंदी का दोषी कौन ?: डॉ. भरत झुनझुनवाला
वैश्विक संकट के लिए वित्तीय संस्थाओं के लोभ को दोषी ठहराया जा रहा है। सोच है कि बैंकों एवं प्रॉपर्टी एजेंटों की सट्टेबाजी के कारण..
आगे..
माया का नाकाम 'सुशासन': नीरज नैयर
खुद को दलितों की मसीहा कहलाने वाली मायावती के राज में दलित ही सबसे खराब स्थिति से गुजर रहे हैं..
आगे..
मराठा क्षत्रप पवार की भी हैं राजनीतिक मजबूरियां ! : प्रेम शुक्ल
वर्ष 2009 के लोकसभा चुनावों में तीसरे मोर्चे का पत्ता फेंककर शरद पवार ने अपनी मनमर्जी चलाई..
आगे..
जलवायु परिवर्तन और भारत का सच.: नीरज नैयर
सरकार ने ग्रीनहाउस गैसों के उत्सर्जन से जुड़े पांच अध्ययनों के नतीजे जारी किए हैं..
आगे..
हर तरफ क्यों है इतनी विवशताओं का घेरा ?: हितेश कुमार शर्मा
आतंकवाद, उग्रवाद, नक्सलवाद तथा माओवाद यह ऐसे वाद हैं, जिनके विवाद का किसी को पता नहीं।
आगे..
विदेश मंत्री के लिए चीन अदृश्य क्यों? : आलोक तोमर
एसएम कृष्णा चीन के खतरे के मामले में पूरी तरह से गंभीर नहीं लगते हैं। उन्होंने कहा है..
आगे..
हिन्दी के विकास के लिए चाहिए सकारात्मक सोच : श्रीनारायण सिंह 'समीर'
14 सितंबर:हिन्दी दिवस पर विशेष..
आगे..
महंगाई केन्द्र सरकार ने बढ़ाई : हितेश कुमार शर्मा
यदि क्रय शक्ति बढ़ा दी जाएगी तो वस्तुओं के मूल्य भी स्वमेव बढ़ जाएंगे। बढ़े हुए मूल्यों में यदि हमारे पास पैसा है तो आवश्यकता से अधिक खरीददारी की जाती है।
आगे..
Click to Read More News:
1
2
3
4
5
6