एक और निवेशक सम्मेलन की तैयारियां शुरू

बेंगलूर। राज्य सरकार अब तक वर्ष 2010 के वैश्विक पूंजी निवेशक सम्मेलन में आए 3 लाख करोड़ रुपए के निवेश प्रस्तावों को पूरी तरह से लागू नहीं कर सकी है।
दूसरी तरफ वर्ष 2012 में प्रस्तावित निवेशक सम्मेलन के दूसरे संस्करण में कर्नाटक को 10 लाख करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव मिलने की उम्मीद संजोई जा रही है। फेडरेशन ऑफ कर्नाटक चेंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री द्वारा यहां आयोजित एक आपसी विचार-विमर्श सत्र को संबोधित करते हुए उद्योग मंत्री मुरुगेश निरानी ने किसी भी भारतीय राज्य के लिए इसे रिकॉर्ड निवेश प्रस्ताव बताया। उन्होंने कहा, कई कंपनियों ने हमें आश्वासन दिया है कि वे स्टील, ऊर्जा और गैस उद्योग में बड़े निवेश करने को तैयार हैं। उन्होंने बताया कि वैश्विक निवेशक सम्मेलन की तैयारियों के तहत राज्य सरकार लगातार बैठकें कर रही है ताकि किसी भी प्रकार के मौके का फायदा उठाने से हम न चूक जाएं।
पिछले निवेशक सम्मेलन में तत्कालीन मुख्यमंत्री बीएस येड्डीयुरप्पा के वादे के अनुसार औद्योगिक इकाइयों की स्थापना के लिए भूमि बैंक की स्थापना के बारे में पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में निरानी का कहना था कि राज्य के आर्थिक विकास के लिए पूंजी निवेशकों को हर सुविधा देने का वादा भाजपा सरकार पहले ही कर चुकी है। वह अपना वादा निभाने के प्रति पूरी तरह से गंभीर भी है लेकिन भूमि अधिग्रहण के मामले में विपक्षी पार्टियां राजनीति करने लगती हैं। यह विकास की राह में एक बड़ी बाधा है। विपक्षी पार्टियों द्वारा भ्रमित किए गए किसान भाजपा सरकार की खिलाफत पर उतर आते हैं।

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Posted by on Dec 24 2011. Filed under दक्षिणांचल. You can follow any responses to this entry through the RSS 2.0. You can leave a response or trackback to this entry

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