pak bullets market
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पेशावर। आपने सब्जीमंडी में आलू, गोभी, टमाटर और दूसरी तमाम सब्जियों के ढेर देखे होंगे। पाकिस्तान में इसी तर्ज पर एक मंडी चल रही है जहां सब्जियां नहीं, बल्कि पिस्टल, राइफल और दूसरे घातक हथियार बिकते हैं। यहां गोलियां किलो के भाव मिल जाती हैं। जिसे चाहिए, वह तय कीमत चुकाए और ले जाए। इसके बाद वह अपनी मर्जी से इसका इस्तेमाल कर सकता है।

यह मंडी खैबर पख्तून ख्वाह के दर्रा आदम खेल में है। यहां का एक खास इलाका हथियारों के निर्माण के लिए जाना जाता है। आतंकवादियों के लिए यह किसी जन्नत से कम नहीं है। यहां तालिबान का जबरदस्त प्रभाव रहा है। इन हथियारों के निर्माण में कई कारीगर लगे हुए हैं। इनकी तकनीक बहुत पुरानी लेकिन असरदार मानी जाती है।

डॉयचे वेले की एक रिपोर्ट की मानें तो बंदूक और पिस्तौल बनाने का यह काम कई दशक पुराना है। ये कारीगर अपने काम में बहुत माहिर हैं। इन्हें पैसा देकर कोई भी अपनी पसंद की बंदूक बनवा लेता है। ये चीनी, अमेरिकी और यूरोपीय देशों के हथियारों की आसानी से नकल कर लेते हैं। एक बार माल तैयार होने के बाद पाकिस्तान के कई इलाकों में खास नेटवर्क के जरिए पहुंचा दिया जाता है।

gun shop pakistan
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रिपोर्ट कहती है कि रोजगार के मौके कम होने के कारण नई पीढ़ी भी इस काम में दिलचस्पी ले रही है। कारीगरों के हाथ की सफाई को देखते हुए कई लोग इनके खरीदार बन गए हैं। हालांकि इस धंधे को सीधे तौर पर पाकिस्तान की सरकार संरक्षण नहीं देती, लेकिन इसकी खास जरूरत भी नहीं है, क्योंकि मुल्क भर में इनके माल की काफी मांग है।

पुरानी मशीनों और औजारों का इस्तेमाल कर ये कारीगर आसानी से पिस्टल और राइफल जैसे हथियार बना लेते हैं। इसके अलावा यहां बड़ी मात्रा में गोलियां बनाई जाती हैं। यहां के कारीगर दावा करते हैं कि जब ये गोलियां राइफल में डालकर चलाई जाती हैं तो विदेशी हथियार भी इनके सामने फेल हैं।

pakistani boys with guns
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अब ये कारीगर आॅटोमैटिक बंदूकें बनाने लगे हैं। पूरे पाकिस्तान में आतंकवाद की बढ़ती घटनाओं के कारण ये खास किस्म का कवच बनाते हैं। ताज्जुब की बात यह है कि एक ओर जहां आतंकवादी और अन्य लोग इनसे हथियार खरीदते हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ लोग अपनी जान की हिफाजत के लिए इनसे ही कवच खरीदने आते हैं। मतलब दोनों ओर से खूब मुनाफा! मगर ऐसा धंधा इस मुल्क को किस राह पर लेकर जाएगा, इसकी फिक्र न तो हुकूमत को है और न ही दहशतगर्द तंजीमों को।

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